प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच रविवार को 45 मिनट की फ़ोन वार्ता हुई। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय व्यापार को $200 अरब तक पहुँचाने, रक्षा सहयोग बढ़ाने और आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस में साझेदारी पर चर्चा की। ट्रंप ने भारत पर लगाए गए 26% टैरिफ़ को "बातचीत योग्य" बताया, जो भारत के लिए सकारात्मक संकेत है।
विदेश मंत्रालय ने बताया कि दोनों नेताओं ने H-1B वीज़ा नीति, भारतीय छात्रों के लिए अमेरिकी वीज़ा प्रक्रिया और ऊर्जा सहयोग पर भी बात की। मोदी ने अमेरिकी कंपनियों को भारत में निवेश का न्योता दिया। ट्रंप ने भारत से अमेरिकी हथियार ख़रीद बढ़ाने पर ज़ोर दिया।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह कॉल भारत-अमेरिका संबंधों के लिए महत्वपूर्ण है, ख़ासकर चीन के साथ बढ़ते तनाव के बीच। दोनों देश "चाइना प्लस वन" रणनीति पर काम कर रहे हैं जिसमें वैश्विक कंपनियाँ चीन से भारत में मैन्युफ़ैक्चरिंग शिफ्ट करें। मोदी की अमेरिका यात्रा जून में होने की संभावना है।